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पुराने शब्दों के नए अर्थ

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श ब्द वही रहते हैं अर्थ बदल जाते हैं। लोग शब्दों को लाभ लोभ के लालच में नया अर्थ दे देते हैं। जैसे कि एक बहु प्रचलित छोटा सा वाक्य है 'पुरानी सोंच' आपने भी कई बार प्रयोग किया होगा बातचीत मे? मैने भी कई बार प्रयोग किया है। यह शब्द ,शब्द नहीं ब्रह्मास्त्र है, अमोघ है। क्या आप नहीं मानते ? मै याद दिलाता हूं आपको। शायद आप अपने भीतर छुपी इस अपार शक्ति के प्रयोग करने की क्षमता को भूल चुके हैं। पिछले सप्ताह जब आपने किसी मूवी का ट्रेलर देखा था जिसमें संस्कृति से जुड़े पहलुओं पर प्रकाश डाला गया था। तब आपके दोस्त ने कहा यार कैसी मूवी देखता है तू? पुरानी सोंच ! और उसका ये कहना और आपकी संस्कृति निष्ठा का विचार विकार की भांति त्याग देना। यूहीं नही हो गया । बल्कि ये कथित ब्रह्मास्त्र के प्रहार से हुआ । जिसके चलाने के लिए दिमाग नही केवल मुहं मात्र खोलना है , और सामने वाले व्यक्ति विचार से असहमति दिखाते हुए बोल देना है 'पुरानी सोंच'! बस सामने वाला उसका अर्थ ' पुरानी सोंच मतलब घटिया सोच ' ही निकलेगा। और फिर इस ब्रह्मास्त्र से उतपन्न अग्नि को कूल बनकर शांत करने के लिए आप न...

Raanu Mondal aur Media

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रानू मंडल रानू मंडल और मीडिया: रानू मंडल वह महिला जिसे मीडिया ने हाथों हाथ स्टार बना दिया। वह महिला जो स्टेशन पर भिक्षा मांगकर जीवन गुजार रही थी उसे रानू मंडल बना दिया मीडिया की इच्छा ने। लेकिन उस महिला ने क्या किया? ..इस बात का दिखावा कि वह अब सेलिब्रिटी हैं। आप उनसे इज्जत से पेश आएं... ओहो पहले तो भीख मांग रही थी आज सेलिब्रिटी बन रही है ..............! आप भी यही सोच रहे हैं न? 25 latest names for boys   How to start writing poem सोंचिये कल तक आप उसकी कितनी तारीफ कर रहे थे। और आज? अरे भाई अभी तक तो आपके रोंगटे खड़े हो रहे थे मीडिया की महानता का गुणगान करके: "अरे देखो कैसे मीडिया ने रोड-पति महिला को करोड़पति बना दिया। " तो अब क्या हो गया आपको ?आपने ही तो महान बताया मीडिया को तो महिला से महानता की आशा क्यों? वह तो महानता की भुक्तभोगी मात्र है। आखिर आप उसे ट्रोल करके, उसके बारे में वह सब लिखकर जिसे वह पढ़ भी नहीं सकती ,क्या दिखाना चाहते हैं? यही कि वह भिखारन बनने के ही लायक है। क्या आपको नहीं लगता की उसे कुछ समय देना चाहिए| यदि आप चाहते हैं कि उसके जै...